Jharkhand Welfare Schemes को पात्र लाभुकों तक समय पर पहुंचाने के लिए जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने समाज कल्याण विभाग एवं सामाजिक सुरक्षा कोषांग की मासिक समीक्षा बैठक में अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। समाहरणालय सभागार में आयोजित बैठक में लंबित मामलों के समयबद्ध निष्पादन, आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित संचालन और महिलाओं, किशोरियों एवं बच्चों से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया गया।

Jharkhand Welfare Schemes की समीक्षा में समयबद्ध कार्रवाई पर जोर
बैठक के दौरान उपायुक्त ने पिछली समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन और विभिन्न योजनाओं की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप काम करने तथा सभी पात्र लाभुकों को सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही बनाए रखने के साथ नियमित निगरानी करने को कहा, ताकि कोई भी पात्र लाभुक सहायता से वंचित न रहे।
आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित निरीक्षण के निर्देश
उपायुक्त ने आंगनबाड़ी केंद्रों का नियमित संचालन सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि केंद्रों में बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं को पोषणयुक्त आहार तथा निर्धारित सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। पेयजल, स्वच्छता, पोषण और अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता भी सुनिश्चित करने को कहा गया।

अधिकारियों को नियमित निरीक्षण के माध्यम से केंद्रों की व्यवस्था का जायजा लेने और कमियों को दूर करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस (VH-SND) का भी निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार नियमित आयोजन करने को कहा गया।
इस दौरान बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (CDPO) और महिला पर्यवेक्षिकाओं (LS) को निरीक्षण करने तथा केंद्रों के संचालन, पोषणयुक्त आहार और आवश्यक सेवाओं की जांच करने का निर्देश दिया गया। निरीक्षण रिपोर्ट जिला कार्यालय को उपलब्ध कराने को भी कहा गया।
पोषण ट्रैकर ऐप पर डेटा एंट्री समय पर करने को कहा
पोषण ट्रैकर ऐप की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं से संबंधित आवश्यक जानकारियों की नियमित एवं समय पर डेटा एंट्री सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने डेटा की शुद्धता और अद्यतन स्थिति की समीक्षा करने तथा लंबित प्रविष्टियों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया।
संबंधित CDPO और महिला पर्यवेक्षिकाओं को डेटा एंट्री की नियमित निगरानी करने तथा गलतियों और लंबित कार्यों को दूर करने के लिए जरूरी कदम उठाने को कहा गया।
Jharkhand Welfare Schemes में किशोरियों और माताओं पर फोकस
सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना की समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने योजना के लाभ से वंचित पात्र किशोरियों की पहचान कर उनका पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने विद्यालयों और क्षेत्रीय स्तर पर समन्वय स्थापित कर पात्र किशोरियों को योजना से जोड़ने को कहा।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत प्राप्त आवेदनों का शत-प्रतिशत निष्पादन सुनिश्चित करने और पात्र माताओं को नियमानुसार लाभ उपलब्ध कराने का निर्देश भी दिया गया। उपायुक्त ने लंबित आवेदनों के निपटारे तथा आवेदन और भुगतान की स्थिति की नियमित समीक्षा करने पर जोर दिया।
स्पॉन्सरशिप योजना के बच्चों का होगा सत्यापन
स्पॉन्सरशिप योजना के तहत चयनित बच्चों का सत्यापन करने का निर्देश दिया गया। अधिकारियों को यह जांचने को कहा गया कि लाभुक बच्चों को निर्धारित आर्थिक सहायता नियमित रूप से मिल रही है या नहीं और वे सुरक्षित पारिवारिक वातावरण में रह रहे हैं या नहीं।
उपायुक्त ने बच्चों को शोषण, दबाव और अन्य प्रतिकूल परिस्थितियों से बचाने तथा उनके संरक्षण एवं हितों को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। जरूरत पड़ने पर नियमानुसार कार्रवाई करने को भी कहा गया।
इसके अलावा, योजना से वंचित पात्र बच्चों की पहचान के लिए क्षेत्रीय सर्वेक्षण और सत्यापन करने तथा पात्रता के अनुसार आवेदन प्रक्रिया पूरी कराकर उन्हें सरकारी सहायता से जोड़ने पर जोर दिया गया।
बैठक में ये अधिकारी रहे उपस्थित
बैठक में जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सत्या ठाकुर, निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग निवेदिता राय, सभी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, महिला पर्यवेक्षिकाएं और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को महिलाओं, किशोरियों और बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य, सुरक्षा तथा सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं की नियमित निगरानी करने और निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप पात्र लाभुकों तक सहायता पहुंचाने का निर्देश दिया।
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