Kadma Durga Visarjan Jamshedpur : शहर के कदमा क्षेत्र में आयोजित तीन दिवसीय श्री श्री बसंती चैती दुर्गा पूजा का समापन रविवार को भक्ति, उत्साह और उल्लास के साथ हुआ। श्री राम बजरंग अखाड़ा समिति के तत्वावधान में मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन पूरे विधि-विधान और शांतिपूर्ण वातावरण में खरकई नदी तट पर किया गया।
विसर्जन के अवसर पर कदमा क्षेत्र में भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। ढोल-नगाड़ों की गूंज, बम-पटाखों की आवाज और “जय माता दी” के जयकारों से पूरा इलाका भक्तिमय माहौल में सराबोर हो गया। श्रद्धालु नाचते-गाते और झूमते हुए मां दुर्गा को अंतिम विदाई देने पहुंचे।
शोभायात्रा कदमा के विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए खरकई नदी तट तक पहुंची, जहां परंपरागत रीति-रिवाजों के अनुसार मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन किया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने मां से सुख-समृद्धि, शांति और परिवार की खुशहाली की कामना की तथा अगले वर्ष पुनः आगमन की प्रार्थना की।

कार्यक्रम को सफल बनाने में समिति के अध्यक्ष दिवाकर सिंह की अहम भूमिका रही। उनके नेतृत्व में आयोजन पूरी तरह व्यवस्थित और अनुशासित ढंग से संपन्न हुआ। इस अवसर पर पूनम गुप्ता, श्वेता पांडे, मनिंदर, पंकज कमल, राजेश शर्मा, प्रकाश जायसवाल, शिवा, सुमित, टिंकू, सुभाशीष उपाध्याय, एस. कार्तिक, सुप्रीत मुखी, मनोज, पब्लिक विश्वास, अमृतेश, राजीव, पंकज, केशु सिंह, पिउस, सुप्रीत, समीर, सुब्रतो समेत समिति के कई सदस्य और स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर भी विशेष सतर्कता बरती गई। स्थानीय प्रशासन और समिति के स्वयंसेवकों ने मिलकर पूरे आयोजन को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित बनाए रखा। यातायात व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण और नदी तट पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए थे।

कदमा क्षेत्र में हर वर्ष आयोजित होने वाली यह पूजा न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक समरसता का भी प्रतीक बन चुकी है। इस आयोजन में सभी वर्गों के लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं, जिससे क्षेत्र में भाईचारा और सद्भाव का संदेश भी प्रसारित होता है।
मां दुर्गा के विसर्जन के साथ ही तीन दिवसीय पूजा का समापन हो गया, लेकिन श्रद्धालुओं के मन में भक्ति और आस्था का उत्साह लंबे समय तक बना रहेगा।



