देश में ग्रीन लॉजिस्टिक्स को मिलेगा बढ़ावा, 1500 ई-ट्रकों की तैनाती का लक्ष्य
Tata Motors Prima E55S Electric Truck : भारत में इलेक्ट्रिक कमर्शियल वाहनों के क्षेत्र में तेजी से विस्तार हो रहा है और इसी दिशा में टाटा मोटर्स ने एक और बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने अपनी उन्नत इलेक्ट्रिक ट्रक श्रृंखला के तहत Prima E55S मॉडल की आपूर्ति बिलियन-ई मोबिलिटी को शुरू कर दी है।
कंपनी की ओर से जारी बयान के अनुसार, पहले चरण में 30 इलेक्ट्रिक ट्रकों की डिलीवरी की जा चुकी है। इसके साथ ही टाटा मोटर्स को 250 अतिरिक्त ई-ट्रकों का नया ऑर्डर भी मिला है, जिन्हें चरणबद्ध तरीके से देश के प्रमुख औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर में तैनात किया जाएगा।
किन राज्यों में तैनाती होगी?
इन इलेक्ट्रिक ट्रकों को गुजरात, राजस्थान, तमिलनाडु, कर्नाटक, महाराष्ट्र, दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा जैसे प्रमुख राज्यों के माल ढुलाई मार्गों पर लगाया जाएगा।
इनका उपयोग इस्पात, सीमेंट और अन्य औद्योगिक उत्पादों को लंबी दूरी तक पहुंचाने के लिए किया जाएगा।
350 किमी की दमदार रेंज
Prima E55S इलेक्ट्रिक ट्रक एक बार फुल चार्ज होने पर करीब 350 किलोमीटर तक की दूरी तय कर सकता है, जो इसे लंबी दूरी की लॉजिस्टिक्स के लिए बेहद उपयुक्त बनाता है।
यह ट्रक न सिर्फ पर्यावरण के अनुकूल है, बल्कि परिचालन लागत को भी काफी हद तक कम करने में मदद करेगा।
रणनीतिक साझेदारी से बड़ा लक्ष्य
इस अवसर पर गिरीश वाघ और कार्तिकेय हरियाणी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
टाटा मोटर्स के ट्रक व्यवसाय प्रमुख राजेश कौल ने कहा कि बिलियन-ई मोबिलिटी के साथ यह साझेदारी इलेक्ट्रिक वाहनों और उनके संचालन तंत्र के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करेगी, जिससे माल ढुलाई के प्रमुख मार्गों पर विश्वसनीय इलेक्ट्रिक ऑपरेशन सुनिश्चित होंगे।
1500 ई-वाहनों की बड़ी योजना
बिलियन-ई मोबिलिटी ने जानकारी दी कि कंपनी टाटा मोटर्स के साथ अपनी रणनीतिक साझेदारी के तहत अगले 6 से 18 महीनों में 1500 इलेक्ट्रिक लॉजिस्टिक वाहनों की तैनाती का लक्ष्य लेकर चल रही है।
यह पहल भारत में ग्रीन लॉजिस्टिक्स को बढ़ावा देने के साथ-साथ कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने की दिशा में भी अहम भूमिका निभाएगी।
ग्रीन मोबिलिटी की ओर मजबूत कदम
देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को लेकर बढ़ती जागरूकता और सरकारी प्रोत्साहन के बीच यह पहल लॉजिस्टिक्स सेक्टर के लिए एक बड़ा बदलाव साबित हो सकती है।
टाटा मोटर्स का यह कदम न केवल उद्योग के लिए नया मानक स्थापित करेगा, बल्कि भारत को स्वच्छ और टिकाऊ परिवहन प्रणाली की ओर तेजी से आगे बढ़ाने में भी मदद करेगा।





