Jamshedpur Ice Cream Factory Sex Racket। पूर्वी सिंहभूम जिले के बोड़ाम थाना क्षेत्र में पुलिस ने देह व्यापार के एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए बड़ी कार्रवाई की है। मिर्जाडीह स्थित एक आइसक्रीम फैक्ट्री की आड़ में कथित तौर पर चल रहे देह व्यापार के धंधे पर छापेमारी कर पुलिस ने फैक्ट्री मालिक सहित कुल नौ लोगों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
ग्रामीणों की शिकायत पर पुलिस की सख्त कार्रवाई
बोड़ाम थाना प्रभारी मनोरंजन कुमार के अनुसार, पिछले कई दिनों से स्थानीय ग्रामीणों द्वारा मिर्जाडीह इलाके में संदिग्ध गतिविधियों की शिकायत की जा रही थी। ग्रामीणों का आरोप था कि आइसक्रीम फैक्ट्री के नाम पर अनैतिक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।
शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने पहले गुप्त रूप से सूचना संग्रह की। मुखबिरों के माध्यम से मिली पुख्ता जानकारी के बाद पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी की। छापेमारी के दौरान मौके से आपत्तिजनक परिस्थितियों में कई लोगों को पकड़ा गया।
फैक्ट्री मालिक समेत कई राज्यों के लोग गिरफ्तार
पुलिस ने जिन लोगों को गिरफ्तार किया है, उनमें आइसक्रीम फैक्ट्री का मालिक भी शामिल है। इसके अलावा मानगो के मुंशी मोहल्ला निवासी परवेज आलम उर्फ मुन्ना मोटू, बिहार के सासाराम निवासी शांतनु कुमार, पश्चिम बंगाल के मेदिनीपुर निवासी अभिषेक दास तथा नदिया निवासी सरहुल विश्वास को गिरफ्तार किया गया है।
इनके अलावा पश्चिम बंगाल की तीन युवतियों और ओडिशा की एक युवती को भी हिरासत में लिया गया। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
कई आरोपी फरार, तलाश जारी
थाना प्रभारी ने बताया कि छापेमारी के दौरान कुछ आरोपी मौके से फरार हो गए। उनकी पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि यह गिरोह कब से सक्रिय था और इसके तार किन-किन क्षेत्रों से जुड़े हैं।
डिमना डैम के पास होने से बढ़ती गतिविधियां
मिर्जाडीह इलाका डिमना डैम के समीप स्थित है। पर्यटन स्थल होने के कारण यहां बाहरी लोगों की आवाजाही अधिक रहती है। पुलिस को आशंका है कि इसी का लाभ उठाकर इस तरह की अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही थीं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में पहले भी इस तरह की शिकायतें सामने आती रही हैं, लेकिन प्रभावी कार्रवाई नहीं हो पाती थी। इस बार हुई पुलिस कार्रवाई से ग्रामीणों में संतोष है, हालांकि वे पूरे नेटवर्क के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
संगठित गिरोह की आशंका
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि क्या यह एक बड़े नेटवर्क का हिस्सा है। विभिन्न राज्यों से लोगों की संलिप्तता को देखते हुए अंतरराज्यीय गिरोह की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा रहा है। मोबाइल फोन, दस्तावेज और अन्य सामग्री जब्त कर जांच की जा रही है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है। साथ ही, इलाके में संचालित अन्य संदिग्ध गतिविधियों की भी जांच की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद बोड़ाम क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। प्रशासन का कहना है कि अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।



